अगर मनुष्य अपनी दिनचर्या को नियमित रखे

 और छोटे - छोटे तथ्यों का ध्यान रखे 

 और उनका पालन करें तो सुखमय मानसिक एवं शारीरिक स्वास्थ्य की प्राप्ति कर दीर्घायु को प्राप्त कर सकता है

 जीवन की स्थिरता के लिए प्राकृतिक , सात्त्विक व सहज प्राप्त अन्न  भोजन सर्वश्रेष्ठ है 

 शरीर में समता व प्रसन्नता लाने के लिए समुचित रूप में जल का सेवन करना चाहिए

 शरीर में दृढ़ता व स्फूर्ति लाने के लिए शारीरिक व्यायाम सर्वश्रेष्ठ उपाय है

 सब रोगों की एक मात्र निर्विवाद , प्रामाणिक , वैज्ञानिक व प्रभावशाली अनुभूत सर्वश्रेष्ठ औषधि प्राण ( प्राणायाम ) है

 समय पर सात्त्विक व संतुलित भोजन करना आरोग्य का सबसे बड़ा मंत्र है

पाचन शक्ति के अनुसार भोजन करने से जठराग्नि की वृद्धि होती है